विदेशों में फँसे लोगो को वापिस लाएगी हरियाणा सरकार

News24NCR/Chandigarh: हरियाणा मूल के 3700 से अधिक लोग अलग-अलग देशों में फंसे हुए हैं। इनमें अधिक संख्या विदेशों में पढ़ने गए विद्यार्थियों की है। हरियाणा में Coronavirus (Covid-19) प्रकोप के बावजूद सरकार ने सभी जिलों के डीसी को ऐसे लोगों की सूची बनाने के आदेश दिए थे, जो अलग-अलग देशों में हैं और वापस हरियाणा लौटना चाहते हैं। इसी तरह से प्रवासी श्रमिकों को उनके राज्यों में भेजने की भी सरकार ने तैयारी कर ली है।

दूसरे राज्यों में फंसे हरियाणा के लोगों को भी वापस लाया जा सकेगा। इसके लिए प्रदेश सरकार ने अलग-अलग राज्यों के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त किए हैं। गृह व स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने रविवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये मीडिया से बातचीत में कहा, विदेशों में फंसे लोगों को वापस लाने के लिए केंद्र की मदद ली जाएगी। केंद्र सरकार को यह सूची भेजी जाएगी ताकि संबंधित देशों के साथ संपर्क साधकर प्रदेश के लोगों को वापस बुलाया जा सके।

श्रमिकों को उनके राज्यों में भेजने और हरियाणा के लोगों को वापस लाने से जुड़े सवाल पर विज ने कहा, जो लोग नजदीक हैं उन्हें तो रोडवेज की बसों से लाया और ले जाया जा सकेगा। रेल मंत्रालय से बात हुई है। दूर जाने वाले श्रमिकों के लिए रेलवे नॉन-एसी स्लीपर ट्रेन चलाने को तैयार है। 1200 से अधिक श्रमिक एक ट्रेन में जा सकेंगे। इसमें दोनों राज्यों का राजी होना जरूरी है। यानी जहां से लोग आ रहे हैं या फिर जा रहे हैं, इसके लिए दोनों प्रदेश सहमत होने चाहिएं।

सरकार ने वरिष्ठ आईएएस अनुराग रस्तोगी को उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, दिल्ली व पंजाब का नोडल अधिकारी नियुक्त किया है। इसी तरह से अजय सिंह तोमर को राजस्थान और टीएल सत्यप्रकाश को कर्नाटक का नोडल अधिकारी लगाया है। अजीत बालाजी जोशी गुजरात, महाराष्ट्र बिहार व झारखंड के नोडल आफिसर होंगे। अमना तसनीम को हिमाचल प्रदेश, जम्मू एंड कश्मीर, लद्दाख, पश्चिमी बंगाल, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, उडीसा, नार्थ ईस्ट के राज्यों के अलावा छत्तीसगढ़ व मध्य प्रदेश का नोडल अधिकारी लगाया है। ये अधिकारी इन राज्यों में जाने वाले श्रमिकों को भिजवाने और यहां से प्रदेश में आने वाले लोगों का प्रबंध करेगा।