फरीदाबाद: कोरोना से ठीक होने के बाद, दिमाग व दिल की बीमारियाँ सताने लगी मरीजों को

News24NCR/Faridabad: कोरोना से जंग जीत चुके लोग स्वस्थ तो हुए मगर अब उन्हें दिल व दिमाग की बीमारियों का सामना करना पड़ रहा है। फरीदाबाद में अब तक 15 हजार से अधिक मरीज स्वस्थ हो चुके हैं। इनमें से कुछ इन बीमारियों से पीड़ित भी मिले हैं। हालांकि अभी यह लक्षण मामूली स्तर पर ही हैं। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने बृहस्पतिवार को सभी निजी अस्पतालों को अलर्ट जारी कर अलग से इन मरीजों का इलाज करने के निर्देश दिए हैं।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रणदीप पुनिया ने बताया कि यह एडवाइजरी सभी निजी व सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों के लिए जारी की गई है। कोरोना संक्रमण के बाद स्वस्थ हुए कई मरीजों में इसके लक्षण मिले हैं। ऐसे में समस्या का सही आंकड़ा पता लगाने के लिए इन मरीजों के लिए अलग ओपीडी व्यवस्था के निर्देश अस्पतालों को दिए गए हैं। साथ ही पोस्ट कोविड (कोरोना से स्वस्थ हुए) मरीजों को अन्य संक्रमित व गैर संक्रमित लोगों से अलग रखने के लिए यह कारगर तरीका माना जा रहा है।

इस प्रकार की आ रही हैं समस्याएं

एशियन अस्पताल की न्यूरो सर्जन डॉ. नेहा कपूर बताती हैं कि कोरोना के दौरान भी मरीजों को ऐसी समस्याएं हो रही हैं, जो मरीजों को स्वस्थ होने के बाद भी दिक्कत दे रही हैं। कोरोना संक्रमण के दौरान मरीजों में दिल के अलावा दिमाग व स्पाइन यानी रीढ़ की हड्डी की समस्याएं भी मिल रही हैं। इसमें गुलियन वायरस सिंड्रोम (जीबीएस) यानी हाथ-पैर में कमजोरी जैसी समस्याएं, सिरदर्द ( तीव्र), सूंघने की क्षमता पर प्रभाव समस्याएं मरीजों में देखी गई हैं। वहीं, स्वस्थ होने के बाद भी मरीजों को ब्रेन स्ट्रोक (दिमाग में रक्त की कमी), दिमाग से रक्त स्त्राव, दिमाग का बुखार, दौरे, सिरदर्द, नसों में तनाव जैसी समस्याएं सामने आ रही हैं।