धूल के गुब्बारे में सिमटा फरीदाबाद, कैसे होगा प्रदूषण खत्म, लोगों में बढ़ रही साँस की बीमारियाँ

News24NCR/Faridabad: पलूशन कम करने के लिए सरकार ग्रेडेड रेस्पॉन्स एक्शन प्लान (ग्रैप ) 15 अक्टूबर से लागू कर रही है, लेकिन नगर निगम की सुस्त कार्यप्रणाली के कारण लोगों को धूल फांकनी पड़ रही है। शहर की ज्यादातर प्रमुख सड़कों की हालत इस वक्त खराब है। टूटी सड़कों से जब वाहन गुजरते हैं तो भारी मात्रा में धूल उड़ती है, जिससे प्रदूषण तो फैलता ही है साथ ही गंभीर बीमारी वाले रोगियों को भी नुकसान होता है। वैसे नगर निगम ने बरसात के तुरंत बाद ही शहर की सड़कों की मरम्मत का कार्य पूरा कर लेना चाहिए था लेकिन आज तक कंगाल नगर निगम सड़कों की मरम्मत नहीं कर पाया है। शाम के वक्त तो ओल्ड फरीदाबाद व एनआईटी के कई हिस्सों में धूल का गुबार छाने लगता है। हरियाणा स्टेट पलूशन कंट्रोल बोर्ड की एयर एंबियेंट क्वॉलिटी मशीन भी शहर का एक्यूआई 266 दर्शा रही है जो लगातार बढ़ता जा रहा है।

सांकेतिक तस्वीर

सांकेतिक तस्वीर

टूटी सड़कों से उड़ती है धूल
नगर निगम के अंतर्गत आने वाले ओल्ड फरीदाबाद जोन की अधिकतर सड़कों का बुरा हाल है। इसमें से मुख्य रूप से सेक्टर 15-16 डिवाइडिंग रोड, सेक्टर 16-17 डिवाइडिंग रोड, सेक्टर 12-15 डिवाइडिंग रोड, सेक्टर 16 लेबर चौक से के आसपास की सड़कें बेहद खराब हैं। बरसात के बाद से ही ये सड़कें टूट चुकी हैं जिस पर भारी मात्रा में धूल जमा हो गई है। एनआईटी की बात करें तो यहां पर हार्डवेयर से प्याली चौक की सड़क तो खराब है इसके साथ ही हार्डवेयर गोल चक्कर भी टूटा हुआ है। व्हर्लपूल चौक से सारना चौक वाली सड़क का बुरा हाल है। इसी तरह से हार्डवेयर चौक से सेक्टर 22-23 की तरफ जाने वाली रोड मुजेसर कट के पास टूटी हुई है। शाम के वक्त तो धूल का ऐसा गुबार उठता है कि चारों तरफ धूल की चादर छा जाती है। वैसे भी पलूशन को रोकने के लिए 15 अक्टूबर से ग्रैप लागू किया जा रहा है।

धूल ऐसे पहुंचाता है नुकसान

सेक्टर 8 के सर्वोदय अस्पताल के डॉ विपिन ने बताया कि धूल खास तौर पर सांस के रोगियों के लिए हानिकारक होता है। अस्थमा, दमा के रोगी को तो ये ज्यादा परेशान करता है। इसके अलावा जो लोग कोरोना से ग्रस्त हैं या रिकवर हो चुके हैं उन्हें भी धूल से परेशानी हो सकती है। सांस की एलर्जी वाले रोगियों के लिए भी ये हानिकारक है इसलिए जब भी घरों से बाहर निकलें तो मास्क लगाकर जरूर निकलें।


बढ़ रहा है प्रदूषण

शहर का प्रदूषण भी लगातार बढ़ रहा है जिसमें धूल अपनी अहम भूमिका निभा रहा है। वैसे हरियाणा स्टेट पलूशन कंट्रोल बोर्ड में वायु प्रदूषण का चार्ज देख रहे जयभगवान शर्मा बताते हैं कि फरीदाबाद में धूल काफी ज्यादा है। इसे खत्म करने की तरफ नगर निगम को प्रयास करने चाहिए। धूल के कण वायु में मिल कर प्रदूषण के स्तर को ज्यादा बढ़ा देते हैं। इस वक्त तो शहर का एयर क्वॉलिटी इंडेक्स भी 266 के करीब पहुंच चुका है।