कोरोना से जंग जीतने के बाद 3 बार प्लाज़्मा डोनेट कर चुकी है फरीदाबाद निवासी शशि अग्रवाल

News24NCR/Faridabad: देश में प्लाज्मा ट्रायल को सफल बनाने में सहयोग देने वाली शशि अग्रवाल अब स्वस्थ समाज की स्थापना में जुटी हुई है। ट्रायल के दौरान मैक्स अस्पताल साकेत दिल्ली में भर्ती जिस मरीज को प्लाज्मा चढ़ाया गया था, वह शशि अग्रवाल का ही प्लाज्मा था। शशि अग्रवाल खुद कोरोना पॉजिटिव रह चुकी है और कोरोना से जंग जीतने के बाद वह तीन बार प्लाज्मा दे चुकी हैं और अब वह कोरोना से ठीक होने वालों को प्लाज्मा देने के लिए प्रोत्साहित कर रही हैं। उनके इस कार्य पति मुकेश अग्रवाल भी बखूबी साथ निभा रहे हैं।

शशि अग्रवाल ने बताया कि प्रत्येक व्यक्ति की समाज के प्रति जिम्मेदारी होती है। उस जिम्मेदारी का निर्वाहन करने की कोशिश कर रही हूं। ईएसआइसी मेडिकल कॉलेज में 14 अप्रैल को पहली बार प्लाज्मा दिया था। उस समय पता चला कि ठीक होने के बाद भी कोई भी प्लाज्मा देने के लिए नहीं आ रहा है। शशि अग्रवाल ने उस समय ही संकल्प लिया था कि शहर में प्लाज्मा के अभाव की वजह से कोई भी व्यक्ति परेशान नहीं होगा। वह खुद भी कई बार प्लाज्मा देंगी और दूसरों को भी प्लाज्मा देने के लिए प्रोत्साहित करेंगी।

प्रोत्साहन पाकर अच्छा लगा
शशि अग्रवाल ने बताया कि 14 अप्रैल को पहली बार प्लाज्मा दिया था। उस समय ईएसआई मेडिकल कॉलेज प्रबंधन से काफी सम्मान और प्रोत्साहन मिला था। शायद इतना सम्मान कभी नहीं मिला। शशि अग्रवाल ने उस समय विचार किया कि इस सम्मान के हकदार सभी कोरोना पॉजिटिव हैं और ईएसआइसी मेडिकल कॉलेज प्रबंधन से ठीक होने वाले मरीजों की सूची प्राप्त की और मोबाइल पर कोरोना से ठीक होने वाले लोगों से संपर्क करती हैं और उन्हें प्लाज्मा थेरेपी के बारे में बताती हैं।


53 लोग दे चुके हैं प्लाज्मा
शशि अग्रवाल के पति मुकेश अग्रवाल शहर के प्रसिद्ध उद्योगपति है और रोटरी क्लब साउथ दिल्ली सेंट्रल से जुड़े हुए हैं। प्लाज्मा को बढ़ावा देना मिशन बना लिया है। इनके प्रोतसाहन की बदौलत 53 लोग ईएसआइसी मेडिकल कॉलेज प्लाज्मा दे चुके हैं। इनका लक्ष्य ईएसआइसी मेडिकल कॉलेज में बनने वाले प्लाज्मा बैंक में 100 यूनिट प्लाज्मा हमेशा आरक्षित रहे, ताकि जरूरतमंद को परेशान नहीं होना पड़े।