ऑनलाइन बिक रहे पटाखे, बढ़ते प्रदूषण पर कैसे लगेगी लगाम

News24ncr/Faridabad: दिवाली पर प्रदूषण नियंत्रण के उद्देश्य से प्रशासन की तरफ से अस्थाई लाइसेंस नहीं जारी किए जाने के बावजूद पटाखों का कारोबार चोरी छिपे हो रहा है। प्रशासन और पुलिस की सख्ती को देखते हुए अभी तक किसी ने पटाखों की दुकान तो नहीं लगाई गई, मगर आतिशबाजी खरीदने वालों को सारा सामान ऑनलाइन उपलब्ध हो रहा है। साइट्स द्वारा होम डिलीवरी करने पर लोगों से 50 रुपये से 100 रुपये तक का अतिरिक्त शुल्क भी वसूला जा रहा है।


सरकार ने प्रदेश में चाइनीज पटाखों की बिक्री पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया है। दुकानों पर अगर कोई चाइनीज पटाखे बेचते पकड़ा जाता है तो उसके खिलाफ मामला दर्ज करवाया जा सकता है। इस आदेश का पालन करने के साथ ही व्यापारियों ने ऑनलाइन पटाखे बेचने का नया तरीका अपना लिया है। व्यापारी अलग-अलग साइट्स बनाकर ऑनलाइन ऑर्डर लेकर घर तक पटाखों की डिलीवरी करने लगे हैं। ये साइट्स मुख्य रूप से फरीदाबाद समेत दिल्ली एनसीआर में डिलीवरी दे रही हैं।

इसका खुलासा तब हुआ जब संवाददाता ने गूगल पर दी गई इन साइट्स पर जाकर ऑर्डर बुक किया। सारन चौक स्थित मुस्कान फायर वर्क्स नामक इस दुकान पर अली नामक एक व्यक्ति ने फोन उठाया। जब पटाखे मिलने के बारे में पता किया गया तो उन्होंने कहा कि उनके पास सभी तरह के पटाखे उपलब्ध है। नया स्टॉक अभी आया नहीं है। पुराना स्टॉक बेच रहे हैं। जब उसके राज्य सरकार द्वारा चाइनीज पटाखों पर रोक के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि मुझे इसकी जानकारी नहीं हैं, अगर आपको लेने है तो लो वरना रहने दो।
इसी प्रकार सराय ख्वाजा स्थित एक व्यापारी ने सभी तरह के पटाखे उपलब्ध होने की बात कही। यहां मुर्गा छाप बम का छोटा पैकेट 70 से 80 रुपये का मिल रहा है। वहीं, आलू बम का छोटा पैकेट जो पहले 35 से 50 रुपये का आता था। वह 120 रुपये का बेचा जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रशासन की सख्त कार्रवाई की वजह से पटाखे महंगे बेचने पड़ रहे हैं। प्रशासन की मंजूरी मिलने के बाद दाम कम हो जाएंगे। उन्होंने चाइनीज पटाखे मिलने की बात भी स्वीकार की, मगर नाम बताने से इनकार कर दिया।


जिले में पटाखे बेचने पर पूरी तरह रोक है अगर कोई व्यक्ति पटाखे बेचते पकड़ा जाता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। ऑनलाइन पटाखों की बिक्री पर रोक लगाने के लिए अधिकारियों से चर्चा की जाएगी।
यशपाल यादव, उपायुक्त